ऐसे जानें आप पर शनि का प्रकोप है या नहीं
कैसे जानें कि आप पर हो रहा है शनि का प्रभाव
ज्योतिषशास्त्री मानते हैं की शनि जब अशुभ प्रभाव देते हैं, तब एक के बाद एक परेशानी आती रहती है और व्यक्ति को दीमक की तरह खोखला करने लगती है।
शनि की साढ़ेसाती और ढैय्या से परेशान व्यक्ति की चप्पल अथवा जूते अचानक से टूट जाते हैं या खो जाते हैं। यदि ये सब चीजें हो रही हैं तो आपको शनि और हनुमानजी की पूजा आराधना नियम से करनी शुरू कर देनी चाहिए।
शनि दोष व्यक्ति को निर्धन, आलसी, दुःखी, जुआरी, नशे का सेवन करने वाला, अल्पायु, निराशावादी बनाता है।
हिंदू धर्म से जुड़ी सभी शास्त्र आधारित जानकारियों के लिए प्रभु शरणम् से जुड़ें. एक बार ये लिंक क्लिक करके देखें फिर निर्णय करें. सर्वश्रेष्ठ हिंदू ऐप्प प्रभु शरणम् फ्री है.
Android ऐप्प के लिए यहां क्लिक करें
लिंक काम न करता हो तो प्लेस्टोर में सर्च करें-PRABHU SHARNAM
यदि अचानक नशे की इच्छा ज्यादा होने लगे, जुए के प्रति रूझान होने लगे तो समझिए कि आपके शनि बिगड़ गए हैं और सावधान होने का समय है अन्यथा बर्बादी कराकर दंड देंगे शनि।कान में बार-बार परेशानियां होने लगें , कब्ज की शिकायत बढ़ने लगे, जोड़ों का दर्द पीड़ा देने लगे तो भी समझना चाहिए कि शनि के अशुभ फल के प्रभाव में आप हैं और शनि को प्रसन्न करने की आवश्यकता है।
वहम होने लगे, उदासीनता आने लगे, नास्तिकता का भाव आने लगे, ईश्वर पर से विश्वास डोलने लगे, बेईमानी आने लगे तो भी समझें कि शनि के शुभ फल से आप वंचित हो रहे हैं और शनि की शरण में तत्काल चले जाना चाहिए। शनि को प्रसन्न करना चाहिए।यदि आपका तिरस्कार होने लगे, आप में कपट आने लगे, व्यापार में लगाार हानि होने लगे तथा जिन मुकदमों में जीत होनी थी उनमें हार होने लगे एवं चुनावों में हार होने लगे तो शनि का प्रकोप समझना चाहिए।तामसिक चीजों की तरफ झुकाव बढ़ने लगता है जैसे मांस-मदिरा के सेवन की चाह बढ़ने लग जाती है। जो लोग इन चीजों को पसंद नहीं करते, वो भी मांस-मदिरा की ओर आकर्षित होने लगते हैं।
जब घर-परिवार पर शनि भारी होने लगते हैं तो घर का कोई हिस्सा टूट कर गिर जाता है अथवा दीवारों में दरारें आने लगती हैं।
गूगल ने प्रभु शरणम् को 4.7 की रेटिंग दी है. आज तक ऐसी रेटिंग किसी हिंदू धार्मिक ऐप्प को नहीं मिली है.कुछ तो बात होगी कि गूगल इसे देता है ऐसी शानदार रेटिंग.
Android ऐप्प के लिए यहां क्लिक करें
लिंक काम न करता हो तो प्लेस्टोर में सर्च करें-PRABHU SHARNAM
कारोबार और व्यवसाय में आचानक से धन हानि होने लगती है।
घर में चोरी हो जाती है या चीजें गुम हो जाती हैं।
पैरों के रोग या हड्डियों से संबंधित बीमारियां घेरे रहती हैं।
[irp]
बनते हुए काम बिगड़ जाना, हर काम में नुकसान पहुंचना, जीवन के हर क्षेत्र में असफलता मिलना या अनिष्ट होना।इसके अलावा शनि अपनी महादशा व अंतर्दशा आदि से व्यक्ति का जीवन झंझोड़ देता है।
जन्मराशि से शनि विभिन्न स्थानों पर गोचर करता हुआ कभी साढ़ेसाती या ढैया के रूप में व्यक्ति पर कंटक का प्रभाव डालता है। शास्त्रनुसार शनि की साढ़ेसाती व ढैया लगना, यह तभी फलीभूत होते हैं जब शनि की महादशा या अंतर्दशा चल रही हो अथवा जब शनि कुण्डली में खराब भावों का सूचक हो।अगर यह अशुभ नहीं है या दशा नहीं चल रही हो तो शनि व्यक्ति को हानि नहीं देते हैं।
शनि का कार्य मात्र अनुचित व पाप कर्म का फल अपनी दशा व गोचर के दौरान देना है।
वेद-पुराण-ज्योतिष-रामायण-हिंदू व्रत कैलेंडेर-सभी व्रतों की कथाएं-व्रतों की विधियां-रामशलाका प्रश्नावली-राशिफल-कुंडली-मंत्रों का संसार. क्या नहीं है यहां! एक बार देखिए तो सही…
Android ऐप्प के लिए यहां क्लिक करें
लिंक काम न करता हो तो प्लेस्टोर में सर्च करें-PRABHU SHARNAM

