Advertisement728 × 90

सबमें रब बसता है, देखने की दृष्टि चाहिए

सबमें रब बसता है, देखने की दृष्टि चाहिए

Hanuman High Quality Wallpaper - 2

प्रभु शरणं के पोस्ट की सूचना WhatsApp से चाहते हैं तो अपने मोबाइल में हमारा नंबर 9871507036 Prabhu Sharnam के नाम से save कर लें। फिर SEND लिखकर हमें उस नंबर पर whatsapp कर दें।

जल्दी ही आपको हर पोस्ट की सूचना whatsapp से मिलने लगेगी। हमारा फेसबुक पेज लाइक कर लें इससे भी आपको पोस्ट की सूचना मिलती रहेगी. इसका लिंक इसी लाइन के नीचे में है.हर व्यक्ति में ईश्वर होते हैं. कैसे? उस व्यक्ति में मौजूद सबसे खास गुण जो उसे औरों से अलग और बेहतर बनाता है वही उसमें मौजूद ईश्वर का तत्व है.

हर व्यक्ति हर कार्य के लिए बना नहीं होता और होना भी नहीं चाहिए. यदि ऐसा होने लगा तो सबकी अपनी-अपनी अहमियत लुप्त हो जाएगी.

आपके अंदर की खूबियों के साथ जो ईश्वर तत्व है उस पर गर्व करें. दूसरों के ईश्वर तत्व से जलने का लाभ नहीं क्योंकि आप जिससे जल रहे हों जरूरी नहीं कि वह स्वयं को बहुत सुखी महसूस कर रहा हो. एक कथा पढ़िए जो आपने पहले भी पढ़ी हो शायद. फिर विचार करिए.

एक कौवा था. वह जहां पानी पीने जाता था उसके किनारे बरगद के पेड़ पर बहुत से बगुले रहते थे. कौआ आते जाते बगुलों को देखता.

सफेद रंग के बगुले उसे बड़े प्रिय लगते थे. कौए में हीन भावना आ गई. उसे लगने लगा कि वह पक्षियों में सबसे ज्यादा कुरूप है.

न आवाज ही अच्छी है न पंख सुंदर हैं और न चोंच. रंग तो ऐसा काला जिससे किसी को भी चिढ़ हो. वह दुखी रहने लगा. उसे कुछ भी अच्छा नहीं लगता.

किसी कौए को गाता सुन लेता तो उसके शरीर में तो जैसे आग ही लग जाती. एक बगुले से उसकी गहरी दोस्ती थी. उस बगुले ने मित्र को उदास देखा तो कारण पूछा.

कौआ बोला- तुम कितने सुंदर हो. झक सफेद तुम्हें देखकर तो मुझे अपने रंग से नफरत हो गई है. मेरा तो जीना ही बेकार है. बगुला हंसने लगा.

उसने कहा- दोस्त तुमने सुंदरता कहां देखी? मैं कहां सुंदर हूं. जब भी तोते को मैं देखता हूं तो सोचता हूं कि भगवान ने मुझे चटक हरा रंग और लाल चोंच क्यों नहीं दी.

जो कौआ बगुले की सुंदरता को सोचकर अवसादग्रस्त था, वह बगुला तो तोते के रंग का दीवाना निकला. कौए को बड़ा झटका लगा. उसके मन में सुंदरता को जानने की उत्सुकता बढ़ी.हमारा फेसबुक पेज लाईक करें. [fblike]

खोजता-खाजता वह तोते के पास पहुंचा और बोला- तुम इतने सुंदर हो. आवाज भी मीठी है. तुम्हारे सौंदर्य से तो सभी को ईर्ष्या होती होगी. तुम्हें तो बड़ी बहुत खुशी मिलती होगी?

तोता गंभीर हो गया. फिर बोला- मित्र अपने रंग-रूप से खुश तो मैं बहुत था लेकिन जब से मैंने मोर को देखा है वह खुशी गायब हो गई. मोर के आगे तो मेरी सुंदरता कुछ भी नहीं.

ईश्वर ने बड़े प्रेम से और बड़ी फुर्सत से मोर की कल्पना की होगी. उसमें रंग भरे होंगे. काश प्रभु ने मुझे केवल दो रंग देने की बजाय कुछ रंग और दे दिए होते तो मैं भी सुंदर होता.

कौए को तो बड़ी हैरानी हुई. जो बगुला तोते के रंग-रूप के श्रेष्ठ मानता था, वह तोता मोर से दुखी है. कौए को लगा चक्कर क्या है. अब तो मोर को भी देखना पड़ेगा.

उसने मोर का पता लिया और ढूंढ़ने निकला. सारा जंगल छान मारा लेकिन मोर कहीं नहीं दिखा. वहां एक मैना ने बताया कि जंगल के सारे मोरों को चिडि़याघर वालों ने पकड़ लिया है.

कौआ चिडि़याघर गया. वहां मोर एक पिंजरे में बंद था. कौए ने उसके पंख देखे तो तोते की बात याद आई. वाकई भगवान ने उसे सुंदर बनाया है. रंग-बिरंगे पंख और राजा की तरह कलगी.हमारा फेसबुक पेज लाईक करें. [fblike]

कौए ने मोर से उसकी सुंदरता की तारीफ शुरू की तो मोर तो रोने लगा. मोर बोला- खैर मनाओ कौए कि तुम बहुत सुंदर नहीं हो. तभी आजाद हो वरना मेरी तरह किसी पिंजरे में बंद होते.

मोर ने कहा- प्रिय कौए इस बात का हमेशा ख्याल रखना कि ईश्वर की किसी प्राणी के साथ कोई शत्रुता नहीं होती. वह किसी में बहुत गुण देते हैं तो किसी में कम गुण रखते हैं.

वह उसके पूर्वजन्म के कर्मों का फल होता है. फिर भी ईश्वर इस जन्म में पूर्वजन्म के कर्मों को सुधारने का मौका देते हैं.

प्रभु यदि किसी में बहुत गुण देते हैं तो साथ ही उसकी परीक्षा के लिए अहंकार भी डाल देते हैं. यदि गुणी व्यक्ति अहंकार को जीत लेता है तो उसका गुण हमेशा के लिए बना रहता है, अन्यथा जो गति मेरी है वही होती है.

दूसरों के साथ तुलना करके दुखी होना बुद्धिमानी नहीं है. ईश्वर ने तमाम कमियों के बीच हमारे अंदर कुछ गुण छिपाकर रखे होते हैं.

हमें उनकी पहचान करनी है और अच्छे कार्यों से उसे उभारना होता है.

अपने बच्चों को ये कथाएं जरूर सुनाएं. ऐसी कथाएं उनके मन में संतोष और आत्मविश्वास की भावनाएं भरती हैं. कोमल मन को किस तरह तैयार करने है इसका निर्णय भी आपका और तरीका भी आपका.

लेखन व संपादनः राजन प्रकाश

मित्रों हम खोज-खोजकर धार्मिक, आध्यात्मिक और प्रेरक कहानियां लेकर आते हैं. आप फेसबुक के माध्यम से यहां तक पहुंचते हैं. आपको सरल रास्ता बताता हूं एक साथ ऐसी धार्मिक और प्रेरक कई सौ कहानियां पढ़ने का.

आप प्रभु शरणम् का एप्प ही डाउनलोड कर लें. प्रभु शरणम् हिंदू धर्मग्रंथों के प्रचार का एक धार्मिक अभियान है. धर्मग्रंथों से जुड़े गूढ़ ज्ञान से परिचित होना है तो प्रभु शरणम् का एप्प डाउनलोड कर लेना ज्यादा सरल विकल्प है. इसका लिंक नीचे दिया गया है.

अब आप बिना इन्टरनेट के व्रत त्यौहार की कथाएँ, चालीसा संग्रह, भजन व मंत्र , श्रीराम शलाका प्रशनावली, व्रत त्यौहार कैलेंडर इत्यादि पढ़ तथा उपयोग कर सकते हैं.इसके लिए डाउनलोड करें प्रभु शरणम् मोबाइल ऐप्प. लेटेस्ट कथाओं के लिए प्रभु शरणम् मोबाइल ऐप्प डाउनलोड करें।

Android मोबाइल ऐप्प के लिए क्लिक करें
iOS मोबाइल ऐप्प के लिए क्लिक करें

ये भी पढेंः

चंद सपनों के मर जाने से जीवन नहीं मरा करता है.

मीठा बोलने वाले सभी शुभचिंतक ही नहीं होतेः महाभारत की नीति कथा

भक्त से मिलने को कब व्याकुल हो जाते हैं स्वयं भगवान

error: Content is protected !!