हमारा फेसबुक पेज लाईक करें.[sc:fb]

सियार ने कहना शुरू किया. जब तक सूर्य आकाश में विराजमान हैं, दैवीय चमत्कार हो सकते हैं. रात्रि में आसुरी शक्तियां प्रबल होती हैं. मेरा सुझाव है थोड़ी प्रतीक्षा कर लेनी चाहिए.

सियार और गिद्ध की चालाकी में फंसा ब्राह्मण परिवार तय नहीं कर पा रहा था कि क्या करना चाहिए. अंततः पिता ने बेटे का सिर में गोद में रखा और जोर-जोर से विलाप करने लगा.

उसके विलाप से श्मशान कांपने लगा. तभी संध्या भ्रमण पर निकले महादेव-पार्वती वहां पहुंचे. पार्वतीजी ने बिलखते परिजनों को देखा तो दुखी हो गईं. उन्होंने महादेव से बालक को जीवित करने का अनुरोध किया.

महादेव प्रकट हुए और उन्होंने बालक को सौ वर्ष की आयु दे दी. गिद्ध और सियार दोनों ठगे रह गए.

गिद्ध और सियार के लिए आकाशवाणी- तुमने प्राणियों को उपदेश तो दिया उसमें सांत्वना की बजाय तुम्हारा स्वार्थनिहित था. इसलिए तुम्हें इस निकृष्ट योनि से शीघ्र मुक्ति नहीं मिलेगी.

दूसरों के कष्ट पर सच्चे मन से शोक करना चाहिए. शोक का आडंबर करने वालों करके प्रकट की गई संवेदना से गिद्ध और सियार की गति प्राप्त होती है. (महाभारत के अध्याय 153 की कथा)

मित्रों हम खोज-खोजकर धार्मिक, आध्यात्मिक और प्रेरक कहानियां लेकर आते हैं. आप फेसबुक के माध्यम से यहां तक पहुंचते हैं. आपको सरल रास्ता बताता हूं एक साथ ऐसी धार्मिक और प्रेरक कई सौ कहानियां पढ़ने का.

आप प्रभु शरणम् का एप्प ही डाउनलोड कर लें. प्रभु शरणम् हिंदू धर्मग्रंथों के प्रचार का एक धार्मिक अभियान है. धर्मग्रंथों से जुड़े गूढ़ ज्ञान से परिचित होना है तो प्रभु शरणम् का एप्प डाउनलोड कर लेना ज्यादा सरल विकल्प है. इसका लिंक नीचे दिया गया है.

अब आप बिना इन्टरनेट के व्रत त्यौहार की कथाएँ, चालीसा संग्रह, भजन व मंत्र , श्रीराम शलाका प्रशनावली, व्रत त्यौहार कैलेंडर इत्यादि पढ़ तथा उपयोग कर सकते हैं.इसके लिए डाउनलोड करें प्रभु शरणम् मोबाइल ऐप्प. लेटेस्ट कथाओं के लिए प्रभु शरणम् मोबाइल ऐप्प डाउनलोड करें।

Android मोबाइल ऐप्प के लिए क्लिक करें
iOS मोबाइल ऐप्प के लिए क्लिक करें

ये भी पढ़ें-

चंद सपनों के मर जाने से जीवन नहीं मरा करता है.

यज्ञ की सच्ची आहुति क्या है.

इस शाप के कारण झपकती हैं पलकें

भक्त से मिलने को कब व्याकुल हो जाते हैं स्वयं भगवान

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here